Home Health स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता ही बचाव का सबसे बड़ा उपाय

स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता ही बचाव का सबसे बड़ा उपाय

चौरई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में लगा स्वास्थ्य जागरूकता शिविर, बीएमओ डॉ. सेन ने दी महत्वपूर्ण जानकारी

चौरई: (सीटीवी) स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर ही बीपी, शुगर और थायराइड जैसी बीमारियों से बचा जा सकता है। इसी उद्देश्य को लेकर रविवार सुबह चौरई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक चले इस शिविर में नागरिकों को स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं तथा बेहतर जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।

शिविर में बीएमओ डॉ. ए.के. सेन ने उपस्थित नागरिकों को बीपी, शुगर, थायराइड, संतुलित आहार, सकारात्मक विचार एवं दैनिक व्यवहार के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिले में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान कलेक्टर हरेंद्र नारायण सिंह एवं सीएमएचओ नरेश गोडाने द्वारा मिले निर्देशों के आधार पर यह शिविर आयोजित किया गया।

डॉ. सेन ने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में लोग अपने स्वास्थ्य के प्रति लापरवाह होते जा रहे हैं, जिसके कारण बीपी और शुगर जैसी बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं। दवाइयों से बीमारी को नियंत्रित किया जा सकता है, लेकिन यदि व्यक्ति अपने खानपान, दिनचर्या और सोच में सकारात्मक बदलाव लाए तो कई गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है।

उन्होंने यह भी बताया कि रविवार को शिविर आयोजित करने का उद्देश्य यह रहा कि अन्य दिनों में ओपीडी और प्रशासनिक कार्यों की व्यस्तता के कारण लोगों से विस्तार से चर्चा नहीं हो पाती। इस शिविर के माध्यम से लोगों को बीमारी के कारण, बचाव और स्वस्थ जीवनशैली के बारे में सरल भाषा में समझाया गया।

शिविर के दौरान स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी, नगर के वरिष्ठ नागरिक एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम में लोगों ने स्वास्थ्य संबंधी प्रश्न पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान भी प्राप्त किया।

स्वास्थ्य जागरूकता शिविर ने यह संदेश दिया कि “सही आहार, सकारात्मक विचार और नियमित दिनचर्या ही स्वस्थ जीवन की असली कुंजी है।”

आज आयोजित शिविर में स्वास्थ्य विभाग के सेवानिवृत वरिष्ठ कर्मचारी पूनम सिगोतीया बीपीएम सलाम मंसूरी स्टाफ नर्स संगीता परिहार एमटीएस सुखमन रोहित की सक्रिय सहभागिता के साथ नगर के वरिष्ठ नागरिक उपस्थित रहे ।