चौरई: जिला कांग्रेस कमेटी छिंदवाड़ा के निर्देशानुसार ब्लॉक किसान कांग्रेस चौरई द्वारा किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर महामहिम राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) चौरई को सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से किसानों से जुड़ी समस्याओं के शीघ्र निराकरण की मांग की गई।
किसान कांग्रेस के ब्लॉक अध्यक्ष सुशील सक्सेना ने ज्ञापन का वाचन करते हुए बताया कि वर्तमान समय में कृषि कार्यों के लिए आवश्यक डीजल की उपलब्धता किसानों के लिए गंभीर समस्या बनती जा रही है। केन एवं कुप्पियों में डीजल देने पर लगाए गए प्रतिबंध के कारण किसानों को समय पर डीजल नहीं मिल पा रहा है, जिससे खेती-किसानी के कार्य प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने किसानों को निर्बाध एवं सुगमता से डीजल उपलब्ध कराने हेतु आवश्यक व्यवस्था करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र में खाद एवं उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता भी सुनिश्चित नहीं हो पा रही है। समय पर खाद-उर्वरक नहीं मिलने से किसानों की खेती प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है। किसान कांग्रेस ने मांग की कि किसानों की आवश्यकता के अनुरूप पर्याप्त मात्रा में खाद एवं उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि कृषि उत्पादन प्रभावित न हो।
ज्ञापन के दौरान किसान कांग्रेस पदाधिकारियों ने क्षेत्र के किसानों की अन्य समस्याओं से भी प्रशासन को अवगत कराया तथा किसानों के हित में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई की मांग की। संगठन ने प्रशासन से किसानों की समस्याओं पर संवेदनशीलता के साथ विचार कर शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने का आग्रह किया।
किसान कांग्रेस ने चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं का समय रहते समाधान नहीं किया गया तो किसानों को गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। संगठन ने किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आवश्यक कदम उठाने की मांग की।
इस अवसर पर किसान कांग्रेस अध्यक्ष सुशील सक्सेना, बिंदुमति रघुवंशी, प्रमेन्द्र साहू, रतिराम पटेल, अमित चौरसिया, राम तिवारी, रॉबी ठाकुर, अश्मित चौधरी, शिशुपाल पटेल, सचिन वर्मा, आनंद पटेल, चंद्रजीत सिंह, स्वाति श्रीवास्तव, राजेंद्र माहौरे, ललित ठाकुर, नीरज शर्मा, अमिताभ राउत, नूतन व्हटवार, मनीष शर्मा, राजेश वर्मा, रूपलाल चंद्रवंशी, श्यामत अली मीर, भरत पटेल, गुरु गुंजन राज, सावन पटेल, हरिओम शर्मा, शुभम सनोडिया, ध्रुव सिंह, जयराज बेस, दीपक मालवीय सहित किसान कांग्रेस के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।








